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Kumbh History: ब्रिटिश काल में ऐसे होता था साधुओं और आम लोगों का इलाज

कुंभ मेला देश ही नहीं दुनिया का सबसे बड़ा धार्मिक आयोजन है। इसलिए सरकार ने मेले में स्वास्थ्य व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए करीब ढाई सौ करोड़ों रुपये खर्च किए हैं। साधु-संन्यासियों के साथ ही आम लोगों के लिए एक जैसी इलाज की व्यवस्था है। हालांकि ब्रिटिश काल में ऐसा नहीं था। अंग्रेजों के शासनकाल में मेले में आने वाले अखाड़ों के महंत और साधु संन्यासियों के लिए इलाज के अलग इंतजाम होते थे।

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अलग-अलग होता था इलाज
1906 के दस्तावेजों के अनुसार 14 सेक्टरों में लगने वाले मेले की चिकित्सा व्यवस्था दो सेक्टरों में विभाजित थी। पहले सेक्टर में गंगा व अरैल क्षेत्र था, जहां आम श्रद्धालुओं के लिए अस्थाई अस्पताल बनाए गए थे जबकि, झूंसी क्षेत्र को दूसरा सेक्टर बनाया गया था जहां पर साधु संन्यासियों के लिए अस्पताल बने थे।

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167 लोगों की हो गई थी मौत
यहां इलाज का इंतजाम भारतीय चिकित्सक डॉक्टर ओहड़ी डार के भरोसे था। सेक्टर 1 की चिकित्सा व्यवस्था सर्जन कैप्टन पीयरसन को सौंपी गई थी। क्षेत्रीय अभिलेखागार में मौजूद दस्तावेजों के अनुसार, सेक्टर 1 व 2 में बनाए गए अस्पताल में कुंभ 1906 के दौरान 1609 लोगों का इलाज किया गया जिनमें 167 लोगों की मौत हो गई थी। मेला अस्पताल की ओपीडी में मरीजों द्वारा दर्ज कराए गए नाम और पते इस बात की पुष्टि करते हैं।

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मेला क्षेत्र में फैल गया था कालरा
1906 कुंभ के दौरान मेला क्षेत्र में कालरा फैल गया था। इसके बाद अरैल क्षेत्र के अस्पताल को कालरा हॉस्पिटल बना दिया गया। दस्तावेज बताते हैं कि इस अस्पताल में 281 कालरा पीड़ितों का इलाज हुआ। इनमें से 207 लोगों को बचाया नहीं जा सका। वहीं मेले के दौरान 167 लोगों की मौत सांस लेने में तकलीफ और निमोनिया से हुई थी। इन मौतों के चलते मेला क्षेत्र में मृत्युदर 26 प्रतिशत पहुंच गई थी।

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बेहतर थी चिकित्सा व्यवस्था
जबकि, इसी दौरान यूनाइटेड प्रोविंसेस के मुख्य शहरों में मृत्यु दर 45.11 प्रतिशत थी। क्षेत्रीय अभिलेख अधिकारी अमित कुमार अग्निहोत्री के मुताबिक, इलाहाबाद के मैजिस्ट्रेट द्वारा उच्चाधिकारियों को भेजी गई रिपोर्ट में मेले में दो लाख कल्पवासियों का उल्लेख किया गया है। 2 लाख आबादी के बीच की मृत्यु दर से शहरों की मृत्यु दर से कम होना कुंभ के दौरान बेहतर चिकित्सा व्यवस्था की ओर इशारा करता है।

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Source : indiatimes.com

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